Home सूरत तीसरी बार शादी करके मनाई Anniversary -अजब प्रेम की गजब कहानी:

तीसरी बार शादी करके मनाई Anniversary -अजब प्रेम की गजब कहानी:

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सूरत। (D.B)आज शादी करने वाली संस्थाएं लगातार कम होते जा रही हैं। ऐसे में एक दम्पति ने अपनी शादी को यादगार बनाने के लिए तीसरी बार शादी करके एक अनोखा उदाहरण प्रस्तुत किया है।02_1479799743 तीसरी बार हुई उनकी इस शादी में छोटा बेटा ही नहीं, सभी रिश्तेदार भी शामिल हुए। कॉलेज में पढ़ने के दौरान हुआ प्यार परवान चढ़ा, ढाई दशक बाद वे तीसरी बार पति-पत्नी बने।25 साल पहले हुआ था प्यार…
महेसाणा की वी.आर.पटेल कॉलेज में पढ़ाई करते हुए सोहन और भावना की आंखें मिली। दोनों ही एक-दूसरे के प्यार में डूब गए। पढ़ाई पूरी करने के बाद सोहन सूरत आ गए। यहां आकर वे भावना को नहीं भूल पाए। भावना का प्यार उन्हें हमेशा याद आता रहता था। एक दिन उनके पास भावना का फोन आया। बस फिर क्या था, दोनों ने तय कर लिया कि अब हमें अलग नहीं रहना है। दोनों शादी के पवित्र बंधन में बंधने का निर्णय ले लिया। पर दोनों के परिवार को इस शादी पर आपत्ति थी। आखिर में सोहन कुमार जयंतीलाल ठक्कर और साफ्टवेयर इंजीनियर भावना ने आर्य समाज में 22 नवम्बर 1991 को पूरे विधि-विधान के साथ शादी कर ली। यह शादी कॉलेज छोड़ने के 5 महीने बाद हुई। शादी के कुछ समय बाद दोनों के परिवार वाले मान गए। तब परिवार वालों ने उनकी फिर से शादी का प्रस्ताव रखा। पहली शादी के 8 महीने बाद 22 जुलाई 1992 को दोनों की दूसरी शादी हुई, जिसमें दोनों तरफ के परिवार वाले और रिश्तेदार शामिल हुए। इसके बाद दोनों बेंगलोर में रहने लगे। 25 साल का दाम्पत्य जीवन सोहन-भावना की शादी को आज पूरे 25 साल हो गए। वे आज भी सुखी दाम्पत्य जीवन जी रहे हैं। इस दौरान उनकी दो संतानें हुई। बड़ा बेटा मिलाई इस समय अमेरिका में पोस्ट ग्रेजुएशन कर रहा है, दूसरा त्रीश्य बेंगलोर में 12 वीं का स्टूडेंट है। शादी के 25 साल होने के बाद दोनों ने इस Anniversary को यादगार बनाने के लिए एक बार फिर शादी की। इस बार भी शहर सूरत ही था। यही नहीं, हनीमून के लिए वही होटल बुक किया, जिसे 25 साल पहले किया था। इस शादी में छोटा बेटा, रिश्तेदारों ने जोर-शोर से भाग लिया। युवा शादी करके खुश रहें, यही कामना तीसरी शादी के बाद ठक्कर दम्पति ने कहा कि आज शादी का रिवाज एक तरह से खत्म ही हो रहा है। इस दौरान हम भारतीय संस्कृति को याद करते हुए हमने तीसरी बार शादी की है। हम चाहते हैं कि लोग शादी के पवित्र बंधन में बंधकर सुखी जीवन प्राप्त करें। हमारी पहली, दूसरी और तीसरी शादी में शामिल होने वाले मित्रों ने हमें यह अनोखा तोहफा दिया है, जिसके हम आभारी हैं।

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